अध्याय 1 · अर्जुनविषाद योग · संजय कहते हैं

गीता अध्याय 1, श्लोक 6 — पांडव पक्ष के वीर

युधामन्युश्च विक्रान्त उत्तमौजाश्च वीर्यवान्। सौभद्रो द्रौपदेयाश्च सर्व एव महारथाः ॥

yudhāmanyuśca vikrānta uttamaujāśca vīryavān | saubhadro draupadeyāśca sarva eva mahārathāḥ ||

अर्थ

पराक्रमी युधामन्यु, बलवान उत्तमौजा, सुभद्रा का पुत्र अभिमन्यु और द्रौपदी के पुत्र भी हैं — ये सभी महारथी हैं।

इस बारे में कुछ पूछें

पढ़ने की सेटिंग

रंग

अक्षर का आकार